Rodent deer,

ब्रेकिंग: छत्तीसगढ़ के जंगलों में मिला दुर्लभ प्रजाति का मूषक हिरण

ट्रैप कैमरों में मूषक हिरण की तस्वीर सामने आने से अफसर खुश

राहुल भट्‌टाचार्य@ रायपुर. प्रदेश के उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व में विलुप्त हो रहे मूषक प्रजाति (Rodent deer) के हिरण का फोटो वन विभाग के ट्रैप कैमरों में कैद हुई है। बाघों की गणना के लिए लगाए गए, इन कैमरों में भारत की सबसे छोटी प्रजाति मूषक हिरण की तस्वीर सामने आई है। मूषक हिरण घने जंगल में पाए जाते हैं, लेकिन जंगलों की अंधाधुन कटाई और शिकार की वजह से यह विलुप्त होते जा रहे हैं। इसे देखते हुए उदंती सीतानदी प्रबंधन ने जंगलों में गश्त बढ़ा दी है। दुर्लभ हिरण (Rodent deer) की तस्वीर कैद होने के बाद वन विभाग के अधिकारियों ने उन इलाकों की गश्त बढ़ा दी है, जहां पर फोटो कैद हुई है।

1 हजार 842 वर्ग किलोमीटर में फैला जंगल

आपको बता दे कि गरियाबंद जिले में स्थित उदंती सीतानदी टाइगर रिजर्व 1 हजार 842 वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल में फैला हुआ है। वन विभाग के अधिकारी का कहना है ट्रैप कैमरे में कुछ दुर्लभ तस्वीरें कैद हुई हैं, उन इलाकों में पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है। इन जंगलों में सबसे छोटी प्रजाति की बिल्ली रस्टी स्पॉटेड कैट, चौसिंगा, उड़न गिलहरी, भेड़िया, उदबिलाव आदि शामिल हैं।

लगभग 4 किलो तक वजन

वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि मध्य भारत में पाए जाने वाला मूषक हिरण 2 से 4 किलोग्राम के बीच होता है। अंधाधुंध कटाई की वजह से ये विलुप्त हो रहे हैं। रोडेंट डियर (Rodent deer) की लंबाई डेढ़ फीट होती है। यह एक बेहद शर्मीला और चुप के रहने वाला जीव है, जिसकी वजह से खुले वन में इसे ढूंढ़ पाना बेहद मुश्किल होता है। यह आमतौर पर पेड़ के खोल में घर बनाता है। उदंती सीतानदी अभ्यारण्य के डिप्टी डायरेक्टर आयुष जैन ने डियर माउस अभ्यारण्य में मिलने की पुष्टि की है।

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